पड़ोस की मस्त माल को पटाकर चोदा
(New GF Fuck Story)
न्यू GF फक स्टोरी में मेरी दुकान के पास एक सेक्सी लड़की रहती है, जिसे मैं चोदना चाहता था. वह मेरी दूकान पर आती थी पर मैं कुछ कर नहीं पा रहा था. तो मैंने कैसे उसे पटाकर चोदा, पढ़कर मज़ा लें.
दोस्तो, मैं आशा करता हूँ कि आप लोग अच्छे होंगे और आपकी सेक्स लाइफ भी अच्छी चल रही होगी.
ये मेरी पहली सेक्स कहानी है, जो मैं आपको बताने जा रहा हूँ. अगर कोई भूल-चूक हो तो माफ़ करें.
ये न्यू GF फक स्टोरी कुछ दो महीने पहले की है.
पहले तो मैं अपने बारे में बता देता हूँ:
मेरा नाम विजय है, उम्र 23 साल, हाइट साढ़े पांच फीट की है और मैं दिखने में गोरा हूँ. मेरा शरीर एकदम चुस्त है और मैं बहुत ही हैंडसम हूँ … ये बात मुझे बहुत-सी लड़कियों ने बोली है.
मेरे लंड का साइज़ साढ़े पांच इंच का है और ये 3 इंच मोटा है.
अब तक मैंने जिस भी लड़की या भाभी की चूत चोदी है, वह मेरे लौड़े से कभी भी निराश नहीं हुई.
चुदाई के पहले मैं उनके साथ जिस तरह से फोरप्ले करता हूँ, उसकी तो वे सब दीवानी हो जाती हैं.
यह बात भी उन्होंने मुझसे चुदने के बाद खुद से मुझे बताई.
वे सब मेरी लंबी चुदाई और मस्त फ़ोरप्ले के कारण ही मुझे दोबारा से अपनी चूत चुदवाने के लिए बुलाती हैं.
मेरी एक शॉप है, जिसमें मैं मेवा और दूसरे भी प्रोडक्ट्स थोक में बेचता हूँ.
मेरी शॉप पर मेरे पड़ोस की वह लड़की चीज़ें खरीदने आती थी जो इस सेक्स कहानी की मुख्य नायिका है.
शुरू-शुरू में मैं उसके ऊपर ज्यादा ध्यान नहीं देता था क्योंकि मैं काम में ज्यादा बिज़ी रहता था.
वह भी ज्यादा ध्यान नहीं देती थी.
कुछ कुछ दिनों में वह मेरी दुकान में आती, कुछ खरीदती और चली जाती.
शुरू शुरू में तो वह इतनी अच्छी भी नहीं लगती थी और छोटी भी थी.
लेकिन 2 साल में ही वह बहुत ज्यादा खूबसूरत और जवान हो गई. उसके शरीर का उभार देखकर मन करने लगा था कि ये अकेली मिल जाए तो इसे यहीं पटक कर चोद दूँ.
एक दिन वह दुकान पर आई तो उसने एक पीला टॉप और ब्लैक जींस पहनी हुए थी.
उसका टॉप कुछ ढीला था, पर जींस बहुत टाइट थी और वह मस्त माल लग रही थी.
उस दिन न जाने कैसे उसके रुपये ज़मीन पर गिर गए तो वह रुपये उठाने के लिए झुकी.
झुकने से उसके टॉप के अन्दर का नजारा दिख गया. उसने अन्दर एक ब्लैक कलर की ब्रा पहनी हुई थी, जिसमें से उसके दूधिया चूचों के बीच की लाइन साफ़ दिखाई दी.
यह सीन देखकर मेरी हालत खराब हो गई और लंड एकदम सख्त हो गया.
ये चीज़ उसने भी देख ली.
फिर वह बिना कुछ बोले वहां से चली गई.
अब मैं उसके बारे में बता देता हूँ. उसका नाम काजल (बदला हुआ नाम), उम्र 21 साल. दिखने में वह बला की खूबसूरत और एक मस्त माल है.
उसकी हाइट मेरी जितनी है और उसका फिगर 36-30-38 का है.
उसके दूध एकदम सुडौल और उठे हुए कड़क निप्पल हैं.
अब तो उसे देख कर मेरा बड़ा मन करने लगा था कि ये किसी तरह मुझसे सैट हो जाए और उसे नंगी करके दुकान पर ही चोद दूँ.
लेकिन बाजार में दुकान थी तो आजू बाजू के सभी दुकानदार मौजूद रहते इसलिए मैं कुछ कर ही नहीं सकता था.
एक दिन वह आई, चीज़ खरीदकर रुपये देकर इतनी जल्दी में गई कि मुझे लगा पता नहीं इसे क्या हो गया.
जब मैंने रुपये खोलकर देखा तो उसमें एक पर्ची थी.
उसमें उसका नंबर लिखा हुआ था.
मैं ये देखकर बड़ा खुश हुआ.
मैंने अपने आप को संभाला और उसे कॉल किया.
तो उसने तुरंत ही कॉल उठा लिया.
ऐसा लग रहा था जैसे कि मेरे ही कॉल का इंतजार कर रही थी.
मेरी उससे हैलो हाय हुई और मैंने उसे नंबर देने के लिए थैंक्स कहा.
इस पर वह हंस दी तो मैंने कहा- मुझे विश्वास है कि तुमको मैं पसंद हूँ … तभी तो तुमने मुझे अपना फोन नंबर दिया है.
वह जरा इठला कर बोली- नहीं वह तो गलती से पर्ची चली गई है.
मैं समझ गया कि यह मेरे साथ खेल रही है.
मैंने उसे चुम्मी कर दिया, तो उसने धत्त कह कर फोन काट दिया.
इसी तरह से हम दोनों की फ्रेंडशिप हो गई और धीरे-धीरे हमारी बातें बढ़ने लगीं.
अब हम दोनों की बातें रोज़ होने लगीं.
धीरे धीरे हमारी बातों का समय भी बढ़ने लगा और लगातार 1-2 घंटे तक हम दोनों गपियाने लगे.
एक बार उसने कॉल की और बोली- क्या कर रहे हो?
मैं बोला- तुम्हारी याद आ रही है!
वह- क्यों?
मैं- तुम बहुत अच्छी लगती हो!
वह- क्यों? ऐसा क्या है मुझमें, जो मैं तुम्हें अच्छी लगती हूँ?
मैंने कहा- मुझे तो तुम ऊपर से नीचे तक अच्छी लगती हो!
वह हंस दी और बोली- हम्म … अभी सिर्फ ऊपर से नीचे तक देखा है … जिस दिन अन्दर से देखोगे तब क्या होगा?
मैंने कहा- पहले तो बेहोश हो जाऊंगा … फिर पागल हो जाऊंगा.
वह हंस कर बोली- और पागल होकर क्या करोगे?
मैंने कहा- अभी जितनी मस्त लगती हो न … उससे भी ज्यादा मस्त बना दूंगा.
वह हंसने लगी.
ऐसे ही बात बढ़ते-बढ़ते हम लोगों की डबल मीनिंग और सेक्स की बातें होने लगीं.
व्हाट्सएप पर भी हम लोग बहुत सेक्स की बातें और अपनी नंगी पिक्स एक-दूसरे को भेजने लगे थे.
एक दिन मैंने उसे वीडियो कॉल किया तो उसने उठाया.
वह बोली- किसी लड़की को ऐसे ही वीडियो कॉल नहीं करते हैं.
मैंने कहा- क्यों?
वह हंस कर बोली- न जाने वह किस हालत में हो उस वक्त?
मैंने कहा- मुझे तो उसी वाली हालत में देखने का मन कर रहा था न इसी लिए तो वीडियो कॉल किया है.
वह बोली- मतलब?
मैंने उससे कहा- मुझे वीडियो कॉल पर अपने दूध और चूत दिखाओ न!
तो वह तुरंत ही राजी हो गई और मोबाइल को सामने रखकर मेरे सामने ही अपनी टी-शर्ट और शॉर्ट्स उतारने लगी.
मुझे उम्मीद ही न थी कि ये नंगी होने के लिए एक बार में ही मान जाएगी.
कुछ ही देर में वह बिल्कुल नंगी हो गई.
दोस्तो, जब मैंने उसके पहली बार ब्रा में कसे हुए दूध देखे तब मेरा लंड एकदम से सख्त हो गया.
उस वक्त काजल ने रेड कलर की नेट वाली ब्रा पहनी हुई थी.
वह ब्रा में ही मुझे दूध दिखाने लगी तो मैंने कहा- इस छिलके को भी उतारो न जान!
उसने झट से ब्रा का हुक खोल दिया और ब्रा को अलग कर दिया.
अब उसके सुडौल से दोनों दूध और कड़क निप्पलों को नग्न देख कर मैं अपने होंठों पर जीभ फिराने लगा.
वह बोली- हम्म … अब बताओ?
मैं- तुम्हारे दूध हमेशा इतने टाइट और तने हुए क्यों रहते हैं?
वह इतरा कर बोली- मैं मेंटेन रखती हूँ न अपने आपको!
फिर वह मुझे अपने उठे हुए निप्पलों को अपने दोनों हाथों की उंगलियों से मींज कर दिखाने लगी.
मैंने चुत के लिए कहा, तो चुत को नंगी कर दिया और चूत को अपनी उंगली से रगड़ कर दिखाने लगी.
मैं गर्म होने लगा.
उसने बोला- अब तू भी नंगा हो जा.
मैंने उसके सामने ही सारे कपड़े उतारे और अपना लंड उसे दिखाने लगा.
अब वह कभी अपने दूध मसलती तो कभी चूत.
उस दिन हम दोनों ने मुठ मार कर रस टपका लिया और अलग हो गए.
अब ऐसे ही हम दोनों वीडियो कॉल पर सेक्स करते और तड़प उठते.
फिर एक दिन हम लोगों को मौका मिल गया.
उसने कॉल करके मुझे बताया कि उसके घर के सभी लोग शादी में जा रहे हैं. वे लोग दूसरे दिन ही आएंगे और रात में सिर्फ़ वह ही अकेली अपने घर पर होगी.
ऐसे उसने मुझे अपने घर बुलाया.
मैं समझ गया कि आज घपाघप वाला कार्यक्रम होना पक्का है.
मैंने उससे कहा- मतलब आज घपाघप वाला कार्यक्रम होना पक्का है न!
वह हंस दी और बोली- झाड़ियां साफ कर लेना जान!
सब तय हो गया.
उसके घरवालों के निकलने के बाद उसने मुझे मैसेज किया तो मैं पहुंच गया.
यहां मैं आपको बता दूँ कि उसके घर की छत और मेरी छत एक घर छोड़कर ही हैं और सभी छतें एक-दूसरे से जॉइंट हैं.
तो मैं उसके घर छत से होते हुए उसके रूम में चला गया, जहां वह मेरा इंतज़ार ही कर रही थी.
मैं कमरे में घुसते ही दरवाजा बंद करके उस पर टूट पड़ा.
वह भी मुझसे लिपट गई.
मैं उसके होंठों, गालों और उसकी गर्दन को चूसने-चाटने लगा और उसके मम्मों को दबाने लगा.
वह एकदम से सकपका गई और मुझसे अलग हटकर बोली- छोड़ो तो … मुझे पहले थोड़ा काम करना है. मैं वह कर लूँ फिर ये सब कर लेना!
मैं- अब क्या करना रह गया है?
वह- मम्मी जल्दी में गई हैं तो उनका रूम बिखरा हुआ है. वह सैट करना है!
मैं- एक शर्त पर!
वह- क्या?
मैं- तुम रूम की सफाई नंगी होकर करोगी!
वह हंसी और बोली- और तुम मुझे नंगी देख कर हिलाओगे?
मैंने कहा- वह सब छोड़ो पहले मेरी बात का जबाव दो.
पहले उसने खूब मना किया मगर जब मैं नहीं माना और उसे काम भी नहीं करने दिया.
तो कुछ देर सोचने के बाद उसने कहा- ठीक है, पर मेरे साथ तुम भी नंगे होओगे और कुछ करोगे नहीं!
मैंने कहा- हां हम दोनों एक-दूसरे के कपड़े उतारेंगे.
वह राजी हो गई तो मैं उसके कपड़े उतारने लगा.
वह भी मेरे साथ लग गई.
जल्दी ही हम दोनों बिल्कुल नंगे हो गए.
आज पहली बार उसके नग्न दूध मेरी आंखों के सामने थे.
सामने से देखने से मुझे उसके दूध और भी ज्यादा बड़े और भारी दिख रहे थे.
ये नज़ारा देखकर मैं उसके मम्मों पर टूट पड़ा और अपनी जीभ से चाटने लगा.
तो वह मेरा लंड देखकर बोली- ये तो बहुत सख्त और मोटा है, मैं इसे नहीं लूँगी!
मैं- प्यार से करूँगा मेरी जान, तुम्हें दर्द होगा लेकिन मज़ा भी बहुत आएगा!
वह- अच्छा, अब काम करने दो, फिर मेरे मम्मों को चूस लेना!
फिर वह नंगी ही काम करने लगी और मैं उसे बैठकर देखने लगा.
उसने जल्दी-जल्दी काम निपटाया.
जब वह फ्री हुई, मैं उसके जिस्म पर टूट पड़ा और उसे प्यार करने लगा.
अब वह भी मेरा पूरा साथ दे रही थी.
मैं उसके गुलाबी होंठ और उसकी जीभ को भी चूसने लगा.
वह भी मेरी जीभ चूस रही थी.
फिर वह मुझसे अलग हुई और बोली- इतनी जल्दी क्या है मेरी जान? मैं कहीं भागी थोड़ी न जा रही हूँ … आराम से करो न … सारी रात अपनी है.
मैं- तूने बहुत सब्र करवाया है … अब रुका नहीं जा रहा!
वह- अच्छा पहले कुछ खा तो ले या दूध, चाय, कॉफ़ी कुछ पी लो!
मैं- हां दूध पीऊंगा न!
वह- अभी लाती हूँ!
मैं- तेरा पीऊंगा मेरी जान!
वह- अच्छा … पर अभी इनमें दूध नहीं आता है मेरी जान!
मैं बोला- मैं तेरे चूचों में से दूध निकलवा दूंगा.
वह हंसी- हां साले, तभी तो बुलाया है!
फिर मैं उसके दूध को चूसते-चूसते उसकी चूत पर अपना मुँह लगाने लगा.
तो उसकी एक बहुत तेज़ आवाज़ निकली ‘अह्ह अह्ह.’
कुछ देर तक चूत चाटने के बाद मैं रुका और अपनी पॉकेट से चॉकलेट निकालकर उसे देकर बोला- इसे पिघला दो!
वह समझ गई और किचन में चॉकलेट को पिघलाने के बाद मुझे लाकर पकड़ा दी.
मैंने चॉकलेट को उसके मम्मों, नाभि, उसकी चूत में लगाया और फिर एक-एक करके सब जगह अपनी जीभ से चाटने लगा.
इतने में वह बहुत ज्यादा तड़पने लगी और कामुक आवाज़ में बोली- भोसड़ी के … अब लंड डाल भी दे चूत में!
मैंने उसकी बात को अनसुना किया और वह लगातार गालियां देती रही.
फिर जब मैंने सब साफ़ कर दिया तो उठ कर बोला- अब तू चूस!
वह मना करने लगी.
मुझे गुस्सा आया और बोला- साली रांड, अभी तो बहुत मज़े ले रही थी, अब बकचोदी कर रही है. झाड़ियां साफ करके आने के लिए क्यों बोला था? लंड चूस साली बहन की लवड़ी … वरना तेरी गांड फाड़ दूँगा!
फिर उसने मुँह बनाकर मेरा लंड अपने मुँह में रखा और एकदम से निकाल लिया.
मैंने पूछा- क्या हुआ?
वह बोली- अजीब सा लग रहा है!
मैंने गुस्से में देखा तो उसने दोबारा लंड मुँह में रखा और इस बार वह मज़े से लंड को चूसने लगी.
उसे देखकर ऐसा लग रहा था जैसे वह लॉलीपॉप चूस रही हो.
मेरे मुँह से बस ‘अह्ह अह्ह’ की आवाज़ें ही निकल रही थीं.
अब मैंने उसे लिटाया और उसकी कुंवारी चूत में अपना लंड सैट कर दिया.
वह मुझे देखने लगी.
मेरे एक ही झटके में लंड चूत के अन्दर चला गया.
न्यू GF फक के खेल में उसकी एक बहुत तेज़ चीख निकल गई.
वह कराह कर बोली- आह मर गई … साले भोसड़ी के धीरे से डाल न … तब से बोल रही हूँ आराम से कर … मानता क्यों नहीं? मेरी चूत फाड़ देगा क्या?
मैं- सॉरी जानू अभी धीरे करूँगा!
मैं उसकी चूत में तेज़ी से धक्का लगा रहा था.
कुछ ही धक्कों के बाद उसकी कुंवारी चूत से खू.न निकलने लगा.
खू.न देखकर वह डर गई और मना करने लगी.
मैं उससे बोला- अब तुम कली से फूल बन गई हो मेरी जान, यह तो खुशी का रंग है!
कुछ देर समझाने के बाद वह मान गई.
मैंने फिर से उसकी चूत में अपना लंड डाल दिया और उसके मम्मों को भी साथ-साथ चूसने लगा.
इससे वह बहुत उत्तेजित हो गई और कामुक आवाज़ें निकालने लगी.
मैंने भी उसकी आवाज सुनकर धक्कों की स्पीड बढ़ा दी.
वह कामुकता से चिल्ला रही थी ‘आआ अहह .. उऊहह .. ज़ोर से .. फाड़ दो आज … इस चूत को मेरी जान!’
कुछ ही टाइम में हम दोनों झड़ गए और वह मेरे ऊपर ही लेट गई.
हम दोनों ऐसी ही स्थिति में लेट कर आराम करने लगे.
अब तक रात के 9 बज गए थे.
फिर हम लोग उठे और एक-दूसरे को साफ़ किया.
वह कहने लगी- कुछ बना देती हूँ, खा लो!
मैं- ठीक है!
वह नंगी ही किचन से नूडल्स बना ले आई और हम एक-दूसरे को खिलाने लगे.
खाने के बाद वह फ्री हुई तो मेरे पास आई और नॉटी सी नज़रों से मुझे देखा.
वह मेरे लंड को सहलाने लगी, जिससे मेरा लंड फिर से खड़ा होने लगा.
मैं भी उसके मम्मों की उठी हुई घुंडियों को नोचने लगा.
वह दर्द से कराहती हुई बोली- तू बहुत कमीना है साले … बहुत दर्द होता है इसमें!
मैं बोला- तभी तो मज़ा आएगा मेरी जान!
उस रात हम दोनों ने 4 राउंड चुदाई के किए और उसकी चुत का भोसड़ा बना दिया.
अब तो जब भी मेरा मन होता है तो मैं उसकी छत से जाकर उसे चोद देता हूँ.
दोस्तो, ये मेरी पहली सेक्स कहानी है, उम्मीद है आपको पसंद आई होगी.
मेल में मुझे न्यू GF फक स्टोरी पर अपनी राय बताएं.
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