मेरी चालू बीवी-105
दूधवाले ने अपना हाथ सलोनी के पीछे उसके चूतड़ों पर रख दिया, मैंने साफ़ साफ़ देखा कि उसने सलोनी के सिमटे हुए गाउन को और ऊपर तक कर दिया और सलोनी के चिकने चिकने नंगे चूतड़ों पर अपनी मोटी सी भद्दी हथेली को चारों ओर घुमाया।
डर्टी सेक्स, गंदे भद्दे तरीके से चूत चुदाई की कहानियाँ
Dirty Sex, Gande, bhadde tarike se Chut Chudai ki Kahaniyan
Stories about fucking in a filthy, unhygienic manner
दूधवाले ने अपना हाथ सलोनी के पीछे उसके चूतड़ों पर रख दिया, मैंने साफ़ साफ़ देखा कि उसने सलोनी के सिमटे हुए गाउन को और ऊपर तक कर दिया और सलोनी के चिकने चिकने नंगे चूतड़ों पर अपनी मोटी सी भद्दी हथेली को चारों ओर घुमाया।
मेरी बातों में डर्टी पुट आ रहा था और मैं भी सेक्स के मादक नशे में डूब चुकी थी, मैं उठी और अपने भाई के कमरे में गई, वहाँ से लौटी तो उसके हाथ में उसके भाई का अंडरवीयर था।
चूतेश मैंने अपनी जान को बाहों में लपेट लिया और उसे चूमता हुआ तगड़े तगड़े धक्के मारने लगा। वो झड़ चुकी थी और पसीने में लथपथ हो गई थी, गहरी गहरी साँसें भर रही थी। मैंने पंद्रह बीस ज़बरदस्त धक्के ठोके और फिर मेरे गोलियों में एक विस्फोट जैसा हुआ, बड़े ज़ोर से मैं झड़ा, […]
वाइफ स्वैप पोर्न स्टोरी में मैंने न्यूड रिसॉर्ट में अपने पति के साथ पराये मर्द का लंड लिया। हमने विदेशी कपल के साथ अदलाबदली करके चुदाई का मजा लिया.
मेहता अंकल ने तीनों से ही उसको मिलवाया, सलोनी उनकी बगल में ही खड़ी थी, मैंने देखा कि मेहता अंकल ने अपना हाथ उसकी कमर पर रखा जो फिसल कर उसके चूतड़ों तक पहुँच गया।
मैंने देसी शराब की बोतल निकाली, साथ मैं एक लम्बा-मोटा बैंगन भी, और अपना कपड़े उतार कर ब्लू फिल्म देखने लगी और साथ में फ़ुद्दी में लम्बा-मोटा बैंगन डालने लगी, जब मेरी चूत को बैंगन ने पूरी तरह खोल दिया तो मैंने अपनी फ़ुद्दी, जो पहले से ही बहुत बड़ी और खुली हुई थी, मैंने शराब की बोतल उठाई और अपनी चूत को सोफ़े के ऊपर टाँगें खड़ी कर के, फ़ुद्दी को दो उंगलियों से खोल कर दूसरे हाथ से फ़ुद्दी में शराब भरने लगी।
आपकी सारिका कंवल मैंने उसे अपनी बाँहों में कस लिया और टांगों से उसे अपनी और खींचते हुए कराह कर बोली- और तेज़ और तेज़ आह्ह्ह आह्ह्ह चोदो मुझे, मेरी बेबी को चोदो, मेरा पानी निकाल दो.. अपने लंड से..आःह्ह्ह आह्ह्ह चोदो न…! उसने भी पूरे जोश से धक्के देते हुए कहा- हाँ.. हाँ.. हाँ.. […]
शराब की बोतल निकाली, एक गिलास भरा और बाकी एक जग में पूरी बोतल उलट दी। मैंने अपनी साड़ी को ऊपर किया, पैंटी नीचे की और अपनी फ़ुद्दी से जग में पेशाब करने लगी, मैंने सोचा कि अब सालियों को मज़ा आएगा।
सामने वाला बुड्ढा बिल्कुल सही था... लड़की ने काली नेट वाली कच्छी ही पहनी हुई थी... कच्छी भी इतनी उसके चूतड़ों से चिपकी हुई थी कि उसके चूतड़ और चूत के सभी उभार साफ़ पता चल रहे थे।
प्रेषिका : कौसर सम्पादक : जूजाजी मैं फिर करीब 05-30 बजे उठी तो शाम की फिर चिंता होने लगी कि आज ससुर जी को चाय कैसे देने जाऊँ। उनकी बात बार-बार याद आ जाती थी कि शाम को मैं उनके पास नंगी होकर चाय देने जाऊँ। तभी ससुरजी खुद मेरे रूम में आ गए। बोले- […]
प्रेषिका : कौसर सम्पादक : जूजाजी मैंने कहा- बाबूजी प्लीज़… मुझे पता है आप क्या करना चाहते हैं… प्लीज़ ऐसा मत करिए… यह बहुत लंबा है….बाबूजी प्लीज़… ऐसा मत करना..! और मैं चीखने लगी। ससुर जी ने कहा- बहू, तुझे मुझ पर भरोसा होना चाहिए… ऐसा कुछ नहीं होगा और ये सब मैं तुझे मज़े […]
प्रेषिका : कौसर सम्पादक : जूजाजी मुझे नहीं पता फिर क्या हुआ, उसके बाद जब मेरी आँख खुली तो मेरे ऊपर एक चादर पड़ी थी और मैं अभी भी ससुर जी के बिस्तर पर ही थी। घड़ी में देखा तो करीब 2 बज रहे थे। मैं उठी तो मेरा पूरा जिस्म दर्द कर रहा था। […]
चूतेश सभी पाठकों को चूतेश का नमस्कार। अन्तर्वासना के माध्यम से मुझे कुछ ही दिनों में एक गर्लफ्रेंड मिली जिसकी कहानी मैं प्रस्तुत कर रहा हूँ। हुआ यूं कि ‘चंदारानी की भरपूर चुदाई’ जो कहानी प्रकाशित हुई थी उसके बाद और भी कई कहानियाँ छपीं तो बहुत से पाठकों के मुझे इमेल आये प्रशंसा से […]
पूनम मेरा नाम पूनम है। मेरी ऊम्र 28 साल है। मैं तलाकशुदा हूँ। मेरे पति नामर्द थे इसीलिए मैंने उनसे पीछा छुड़ा लिया। मैं एक कोचिंग में बायोलॉजी पढ़ाती थी। हमेशा कोई न कोई कुत्ते की तरह मेरे भरे हुए बदन को घूरा करता था। चाहे वो मेरे छात्र हों या फिर चपरासी या साथी […]
सारिका कंवल मैं गर्म होने लगी थी, उधर मेरे सहलाने की वजह से विजय का लिंग भी सख्त हो चुका था। विजय ने तब मेरी टाँगों को फैला कर अपने कमर के दोनों तरफ कर मुझे गोद में उठा लिया। उसने मेरी दोनों जाँघों को पकड़ कर सहारा दिया और मैं उसके गले में दोनों […]
सारिका कंवल उसने चोदने का मन बना लिया, उसने मुझे खड़े होने को कहा और खुद भी खड़ा हो गया, सुधा ने मेरी योनि पर थूक लगा दिया। मुझसे विजय ने कहा- तुम मेरे लौड़े पर अपना थूक लगाओ ! मैंने लगा दिया। सुधा ने नीचे बैठ कर मेरी एक टांग उठा दी। फिर विजय […]
दोस्तो, मेरे द्वारा लिखी गई यह कहानी महज एक कल्पना पर आधारित है, इस कहानी से किसी की भी भावनाओं को ठेस पहुंचाना मेरा उद्देश्य नहीं है लेकिन यह कहानी सचाई को आपके सामने रखती है, जैसे आज कल लोग सोचते हैं, हमारी अन्तर्वासना हमसे कुछ ऐसा करा देती है जिससे हम किसी रिश्ते को […]
गाण्ड मरवाने का चाव-2 जूही परमार वो मेरे लिए जूस लेकर आया। मैं जूस पीते-पीते सोचने लगी। वैसे तो सुहागरात से पहले दुल्हन दूल्हे के लिए दूध का गिलास लाती है, पर यहाँ तो माजरा ही अलग है। लगता है आज की रात दूल्हे को नहीं, दुल्हन को ताकत की जरुरत पड़ने वाली है, क्योंकि […]
गाण्ड मरवाने का चाव-1 जूही परमार मैंने आज तक गाण्ड नहीं मरवाई। मैं राहुल से नहीं मरवाना चाहती थी, क्यूँकि राहुल का लंड कुछ ज्यादा ही बड़ा है। जब तक मैं किसी छोटे लंड वाले से गाण्ड मरवा कर यह न समझ लूँ कि कितना दर्द होता है, मैं राहुल के साथ यह नहीं कर […]
पहली बार सोना के भरपूर नंगे बदन को मैंने बेड पर देखा, चुदाई की उसकी प्यास महसूस की, मैं समझ गया कि इसे साण्ड जैसा आदमी चाहिए जो इसे मसल-मसल कर पटक-पटक कर चोदे।