मस्त वाली चूत और गाण्ड चुदाई -2
उसके मम्मे बहुत बड़े थे, एकदम तने हुए.. होंठ गुलाबी! उसके बदन से खेलते हुए मैने मज़ा लेकर और देकर उसकी चूत भोग किया… फ़िर जब वो उठ कर चली तो उसके चूतड़...
गांड मारने, मरवाने या गांड में उंगली घुसाने की चुदाई कहानियाँ
Gaand Marne, marwane ya gaand me ungli ghusane ki sex kahaniyan
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उसके मम्मे बहुत बड़े थे, एकदम तने हुए.. होंठ गुलाबी! उसके बदन से खेलते हुए मैने मज़ा लेकर और देकर उसकी चूत भोग किया… फ़िर जब वो उठ कर चली तो उसके चूतड़...
मैं बीस साल का छरहरा शरीर का जवान लौंडा इंदौर बड़े भैया के घर काम सीखने गया, रोज शाम को मुझे घूमने और सायबर कैफे में ब्लू मूवीज डाउनलोड कर बेचने का शौक था। उस दौरान मेरी दोस्ती मुझसे बड़े लड़के से हुई, जिसे सभी लारा नाम से पुकारते था, उसे ब्लू मूवीज देखने का बड़ा शौक था इसलिये वो मुझसे दोस्ती रखता था और सस्ते में ब्लू मूवीज खरीद लेता था। एक दिन मैं उसे मूवीज कॉपी कर दे रहा था उसने अपने सीधे हाथ से मेरे कूल्हे को दबा दिया।
मेरी स्टोरी पढ़कर एक दिन एक ईमेल आया.. जिसमें लिखा था 'मुझे आपकी कहानी बहुत अच्छी लगी.. मैं आपसे कॉन्टेक्ट करना चाहती हूँ..' मैंने उस ईमेल का रिप्लाई किया और उसे कॉन्टेक्ट किया.. हम दोनों ने मिलने के लिए दिन और वक्त तय कर लिया। मैं उसके द्वारा बताई हुई जगह पर तयशुदा दिन और वक्त पर पहुँच गया। उसके मम्मे बहुत बड़े थे.. लेकिन एकदम तने हुए थे.. उसके होंठ बहुत गुलाबी थे।
मैंने अपने घरेलू काम के लिए एक नौकरानी रखी थी, उसका नाम शोभा था, उसकी बड़ी बड़ी चूचियाँ बलाउज़ में से साफ दिखाई देती थी। उसके कूल्हों का तो क्या कहना… जब वह मटका कर चलती, तो मन करता कि अभी साली की गांड में लंड घुसा कर चोद डालूँ। वो पूरा दिन मेरे घर में रहती थी... छुट्टी वाले दिन वो और मैं टीवी देख रहे थे तो... वो कैसे चुदी मुझसे गालियाँ दे दे कर... इस कहानी में पढ़िए...
तृषा- नक्श.. यह क्या कर रहे हो? सब क्या सोचेंगे? मैं- यही कि हम दोनों एक-दूसरे के प्यार में पागल हैं और एक-दूसरे के बिना एक पल भी नहीं रह सकते। तृषा ने वैन में आ गई पर मुझसे दूर बैठ गई। 'मुझे ये सब अच्छा नहीं लगता।' मैं- क्या..? तुम्हें इस तरह अपने साथ लाना या मेरा तुम्हें हद से ज्यादा प्यार करना?
मैं मेट्रो में जा रहा था, कश्मीरी गेट से एक आंटी चढ़ी जो बहुत ही सुन्दर थी। भीड़ की वजह से आंटी मेरे करीब आ गई, उनके स्पर्श से मेरा लंड तन गया, मेरा लंड उनके चूतड़ों की दरार में सट रहा था। आंटी साकेत उतरीं तो मैं भी उतर गया। मैंने पीछा किया तो आंटी को शक हुआ। उसने मेरे बारे में पूछा और नंबर मांगकर चलती बनी। फिर हफ्ते भर बाद उनका काल आया, मैं उनके घर पहुँचा...
पड़ोस की एक मणिपुरी भाभी को चोदना चाहता था, मैं उसे घुमाने ले गया… वापिसी में मैंने उसे चूम लिया तो वो नाराज हो गई… एक दिन उसने मुझे बुलाया तो… कहानी पढ़ कर खुद देखिये क्या हुआ…
यह मेरी और मेरी दोस्त प्रीति की कहानी है, मैं मैथ और वो बायोलोज़ी की छात्रा थी…वो इतनी मस्त माल थी कि क्या बताऊँ… मैं कॉलेज हॉस्टल में रहता था एक बार बारिश के दिनों में मैं क्लास में चला गया…कॉलेज में कोई नहीं आया था… कि मुझे बायो लैब में प्रीति ने बुला लिया… कहानी में खुद पढ़िये क्या हुआ बायोलोज़ी की लैब में…
नक्श को ऐक्टिंग का ऑडिशन देने का मौक़ा मिला और वो चुन लिया गया... अब प्रोड्यूसर ने नक्श को फिल्म की कहानी सुनाई ! प्रोड्यूसर की पिछली फिल्म की सक्सेस पार्टी में नक्श की मुलाकात अपनी दो हीरोइनों से हुई... पढ़िए कहानी के इस भाग में...
मेरे स्कूल के दोस्त ने मुझे एक किताब दिखाई, उसमें मर्द औरत आपस में सेक्स कर रहे थे। मेरी तो लुल्ली पैंट में ही अकड़ गई, हम दोनों आपस में गांड मारने मराने का खेल कैसे खेलने लगे... इस कहानी में पढ़िए...
गांड मरवाते हुए रीना रानी को इतना बेतहाशा मज़ा आया कि वो अनेकों बार चरम सीमा पार कर गई। यह हाल हो गया कि चूत से बहते ढेर सारे रस की वजह से खीरे को टिकाये रखना दूभर हो गया। आखिर में दनादन ज़ोर दार धक्के मार मार कर मैंने झाड़ के सारा लावा उसकी ज़रा सी गांड में भर दिया।
मेरा नाम साहिल है जो मेरे माता पिता ने दिया बचपन में, पर मैंने अपना नाम सोनिया रानी दिया है अपने आपको! मैं 27 साल का पुरुष हूँ पर दिल और दिमाग से में एक औरत हूँ, लम्बाई 5'7" सांवला रंग और औसत शरीर पर मेरी छाती औरतों की तरह बड़ी बड़ी है... कई साल पहले मेरे चचेरे भाई ने मेरी गांड मारी थी और अब…
मेरा नाम साहिल है जो मेरे माता पिता ने दिया बचपन में, पर मैंने अपना नाम सोनिया रानी दिया है अपने आपको! मैं 27 साल का पुरुष हूँ पर दिल और दिमाग से में एक औरत हूँ, लम्बाई 5'7" सांवला रंग और औसत शरीर पर मेरी छाती औरतों की तरह बड़ी बड़ी है...
मेरी प्रेमिका तृषा की मम्मी ने हमें सम्भोग करते देखा तो हमारा मिलना बन्द हो गया। कुछ दिन बाद उसके मम्मी डैडी हमारे घर आए… तृषा की शादी की सूचना देने... तृषा भी मुझे मिली… इस कहानी में पढ़िए कि जब हमें एकान्त मिला तो …
मैं एक पड़ोसन आंटी का दीवाना था, उसने मुझे किसी काम से बुलाया तो मैंने जानबूझ कर उसके चूतडों को छू लिया... फिर तो वो बार बार मुझे बुलाने लगी किसी ना किसी काम के बहाने... और फिर एक दिन मेरी तमन्ना पूरी हुई... इस कहानी में पढ़ें !
मैं वैभव मुझे लड़कियों के कपड़े पहनना अच्छा लगता था.. मैंने हारमोंस की गोलियां खाकर अपने मम्मों को भी बड़ा कर लिया था। रात को सड़क पर मैं लड़की बन घूमता था।
दोस्त की गर्लफ़्रेंड ने मुझे अपने घर बुलाकर मुझे नंगा होने को कहा। उसकी नंगी साफ़ बगलें देख कर मेरा लंड खड़ा हो गया और तभी मेरा सरप्राइज… कहानी में पढ़िए…
दोस्त की गर्लफ़्रेंड ने मुझे अपने घर बुलाया। उसके घर मैं जैसे ही पहुंचा, उसने मुझे नंगा होने को कहा। उसकी नंगी साफ़ बगलें देख कर मेरा लंड खड़ा हो गया और तभी मेरा सरप्राइज… उसकी बड़ी बहन… वो मुझे डिल्डो से चोदेगी तभी दोस्त की गर्लफ़्रेंड अपनी चूत चुदवाएगी… कहानी में पढ़िए…
मैं थोड़ा लेट उठा था। बिस्तर से उठने का मन ही नहीं कर रहा था.. बिस्तर पर लेटे-लेटे ही अपने लण्ड को सहला रहा था। पता नहीं कब मेरे अन्दर सुबह ही ठरकपन चढ़ गई और गाण्ड में अजीब सी हलचल होने लगी। लेकिन मन में सोच रहा था कि बुलाऊँ तो किसको बुलाऊँ..
मैं यूँ तो तृषा के घर अक्सर जाया करता था। वो तो दिन ही खराब था.. कि तृषा की मम्मी ने हमें सम्भोग अवस्था में देख लिया और मेरा उनके घर जाना, उसका घर से निकलना बन्द हो गया। मैं तृषा से मिलने को तड़प रहा था… मैने मिला उससे… इस कहानी में पढ़िए…