बॉस ने नौटंकी करके चूत चुदवाई
उनकी नाइटी ऊपर को चढ़ कर उनकी आधी पैंटी के दर्शन करवा रही थी। अब मुझे खुद पर ज़रा भी कंट्रोल न रहा.. मैं उनकी पैंटी के पास अपनी नाक ले जाकर उनकी चूत की सुगंध को सूंघने लगा।
किसी लड़की का नंगा बदन देखने को मिल जाए तो क्या कहने… ऐसे ही जवान भाभी, आंटी, गर्ल्स का नग्न शरीर देख कर मजा लूटने की कहानियां यहाँ पढ़ा कर मजा लें!
उनकी नाइटी ऊपर को चढ़ कर उनकी आधी पैंटी के दर्शन करवा रही थी। अब मुझे खुद पर ज़रा भी कंट्रोल न रहा.. मैं उनकी पैंटी के पास अपनी नाक ले जाकर उनकी चूत की सुगंध को सूंघने लगा।
सुशी को अपने लौड़े की चुसाई से उठाया और उसको और रेवा भाभी को एक सांझे आलिंगन में बाँध लिया। मैं दोनों खूबसूरत औरतों का आनन्द ले रहा था.
अंकल ने भी मुझे खूब ज़ोर से अपने से भींच लिया और मेरी कमर और मेरे चूतड़ों पर अपने भारी हाथ फेरने लगे। मैं पहली बार किसी मर्द के इतना क़रीब उस के बाजुओं में सिमटी हुई झड़ी थी।
नीलेश बोला- कैसी लगी मेरी बहन शिखा? मैंने कहा- यार वो तो कमाल ही है। उसकी चुदाई तो बनती है, कुछ नहीं तो कम से कम उसे एक बार नंगी कर के देख, मस्त एकदम!
मुझ पर क्या नशा चढ़ गया था, मैंने भी कामिनी के होंठ चूसने शुरू कर दिए और अपनी उंगली उसकी चूत में घुमानी शुरू कर दी। वो मुझे खींचकर बिस्तर पर ले गई और अगले ही पल हम दोनों नंगी होकर एक दूसरी की चूत चूस रही थी।
मैं ख़यालों में अंकल के सीने लग गई.. उनकी भरी-भरी गुदाज़ छाती के खूब सुर्ख लाल निपल्स को मुँह में लेकर चूसने लगी.. तो अंकल मुझे ज़ोर से अपने से भींचने लगे।
रिया की बाहें मेरे गले का हार बनी हुई थी और मेरे हाथ उसके चूतड़ों के नीचे रखे हुए थे तो रिया अब अपनी मर्ज़ी और मनचाही रफ़्तार से मुझ से चुदवा रही थी या फिर मुझको चोद रही थी।
नेहा की कुंवारी चूत खोलने के बाद मैं अपने कमरे में गया और दूसरी कुंआरी चूत को उसके कमरे में भेजा। कुछ देर मधु, नीता से बात करके मैं शिखा के कमरे में गया।
राजीव ने अपना लंड कामिनी की गांड में घुसा दिया। कामिनी दर्द से चीखी और अलग होने की कोशिश करने लगी। तब तक मैं कामिनी की चूत को अपने लंड के पास ले आया था और कामिनी को नीचे झुका कर अपना लंड उसकी चूत में घुसा दिया।
हैलो फ्रेंड्स, मेरा नाम गुर लाल है.. मैं पंजाब के लुधियाना की घटना बताने जा रहा हूँ.. जो मेरे साथ घटी थी। यह कहानी मेरी मौसी की बेटी सिमरन की है, अगर कोई भी उसको एक बार देख ले.. तो उसका मन उसको चोदने को अवश्य करेगा। उसका रंग बहुत गोरा है। उसकी उम्र 19 […]
मामी घुटनों तक की मैक्सी पहने एकदम सेक्स की देवी लग रही थीं। मामी की गोरी गोरी पिण्डलियाँ, उनके ऊपर उभरे हुए चूतड़, मैक्सी चूतड़ों की दरार में घुस कर मामी के पूरे चूतड़ों को नुमाया कर रही थी।
मेरी दोनों बहनों के चूतड़ों के उभार मस्त दिख रहे थे और चोलियाँ चूचियों तक ही थीं। चोली और लहंगे के अलावा बाकी का भाग नंगा था.. मतलब कमर.. पेट पूरा नंगा था.. मेरा तो फिर से लंड खड़ा हो गया।
‘डान्स पे चान्स मार ले’ गाना आ रहा था। काजल को वो गाना बहुत पसंद था.. इसलिए वो डान्स करने लगी। वो अपने मस्त चूतड़ हिला-हिला कर डान्स कर रही थी। उसको देखकर मेरा लंड खड़ा हो गया था..
मैं राजीव के घर पहुँचा, कामिनी ने ही दरवाजा खोला, ऑरेंज सूट में वो परी सी लग रही थी, दरवाजा बंद करते हुए उसने मुझे धीरे से किस कर लिया, उसके होठों की गर्मी कल से भी ज्यादा थी। लगता था उसकी प्यास और बढ़ गई है।
मैं गाँव में नदी पर नहाने गया तो चाची मेरे सामने नंगी हो गई. साथ में एक पड़ोसन लड़की भी थी. घर आकर मुझे मुठ मारनी पड़ी, चाची ने देख लिया तो बोली कि तेरे लिए कुछ इंतजाम करती हूँ.
नेहा की चूत चाटने के बाद मैंने अपनी बीवी को फ़ोन करके छत पर बुलाया लेकिन आई मेरी बुआ की बेटी शिखा… वो तो मुझसे चुदवाने को आतुर हो रही थी। काफ़ी मुश्किल से उसे समझाया।
पानी की बूंदें दीदी, एक अनछुई नंगी लड़की, भीगी हुई वो भी जवानी के चरम पर, के चेहरे पर कन्धों पर और चूचियों पर चमक चमक कर मानो यह कह रही थी 'है कोई भाग्य शाली हमारे जैसा?'
मोहिनी के जिस्म में भी हरकत होना शुरू हो गई थी। अब वो भी अपनी गांड उठा रही थी और मेरे लंड को अपनी चूत में लेने की कोशिश कर रही थी।
मोहिनी की मम्मी ने उनकी अनुपस्थिति में मुझे उनके घर में रुकने को कहा। मैम और साहब को एयरपोर्ट छोड़ कर मैं उनके घर आया। मोहिनी ने मुझे मेरा कमरा दिखाया।
भाभी ने हाथ पकड़ मुझे जाने से रोक कर दूसरे हाथ से मेरी पैंट की ज़िप खोल कर मेरे लंड को बाहर निकाल लिया। अब गोरी भाभी ने अपने शरीर पर पड़े तौलिए को भी हटा दिया!