Sex Stories Archive for 2010

कॉल सेंटर की एक रात

इस कहानी के पात्र व घटनाएँ काल्पनिक हैं। निखिल ने अभी अभी पढ़ाई ख़त्म करके कॉल सेंटर की नौकरी शुरु की थी। यहाँ आकर वह बहुत उत्साहित था- कॉलेज जैसा माहौल, बढ़िया फर्नीचर, माडर्न साज सज्जा और उसके जैसे स्मार्ट और हैंडसम लड़के। वैसे भी अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के दफ़्तरों में ऐसा माहौल होता ही है। […]

गर्मी का इलाज

मैं शालिनी … याद तो हूँ ना आपको… आपकी मदमस्त भाभी… आज फिर आपके साथ अपनी मस्ती की एक यादगार चुदाई की दास्तान बांटने आई हूँ। उम्मीद है पहली कहानियों की तरह यह भी आप सबको पसंद आएगी। मेरी पहली कहानियों तो लगी शर्त और जीजा मेरे पीछे पड़ा आप सब ने बहुत पसंद की। […]

दिल की कशिश-2

कहानी का पहला भाग: दिल की कशिश-1 मेरे लेटते ही रोहन भी मेरी बगल में लेट गया। फिर उसने अपना सर नीचे किया और मेरी चूचियों में अपना चेहरा दबा कर करवट पर लेट गया। उफ़्फ़ ! इतना बड़ा लड़का… और मेरी चूचियों में सर घुसा कर… मैं भी प्यार से अभीभूत होने लगी। मैंने […]

दिल की कशिश-1

मुझे चार दिन से वायरल बुखार चल रहा था। मेरे पति राजेश को अपने रूटीन कार्य सर्वे के लिये जाना जरूरी था। वो मुझे अकेला छोड़ कर नहीं जाना चाहते थे। पर मेरी सुविधा के लिये मेरे पति ने अपने पापा को अपने गांव फ़ोन कर दिया और परिणाम स्वरूप मेरे पति का छोटा भाई […]

मेरी जीवन-यात्रा का आरम्भ

On 2010-06-20 Category: रिश्तों में चुदाई Tags:

मैं एक साधारण परिवार से हूँ, बचपन में ही मुझे मेरे मामा के घर पर उनके साथ रहने को छोड़ दिया गया था। मामा पुलिस में थे, उनकी पत्नी यानि मेरी मामी का निधन हो गया था। मेरी उम्र उस समय केवल दस साल की ही रही होगी। मामा मुझे बड़ा प्यार करते थे और […]

चाची चार सौ बीस-3

जवान चूत जितना पिटती थी उतनी ही और जोर से लण्ड खाना चाह रही थी। मेरे चुदने की तमन्ना चाची ने पूरी करवा दी थी। फिर तो जी भर कर मैंने अंकल का लण्ड खाया और फिर अपने आप को रोक नहीं पाई...

चाची चार सौ बीस-2

‘यशोदा … सो गई क्या?’ ‘उंह्ह … चाची, क्या है? ओह, खाना लग गया क्या?’ ‘देख अंकल तुझे कुछ कहना चाह रहे हैं।’ फिर चाची पीछे मुड़ी और जाने लगी। अंकल ने तुरन्त चाची का हाथ पकड़ लिया, चाची रुक गई। ‘अंकल आप तो नंगे हैं !’ मैं जान करके हंस पड़ी। उनका लण्ड सख्त […]

चाची चार सौ बीस-1

चाची ने मेरे दोनों हाथ ऊपर खींच कर दबा दिये। अंकल मेरी टांगों की तरफ़ आ गये और उन्हें पकड़ कर दोनों और चौड़ा दिये। मेरी चूत खुल गई। अंकल का लण्ड हाय राम ...

पंछी दाना चुग गया

On 2010-06-16 Category: Office Sex Tags:

आपने मेरी पिछली कहानी मामा के साथ वो पल कुछ समय पहले पढ़ी। अब मेरे जीवन की एक नई घटना पढ़िए। आज उसने हिम्मत करके मुझे कॉपी रूम में पकड़ ही लिया … कब से दाना डाल रही थी मैं … पूरे तीन महीने की मेहनत आज रंग लाई … कॉलेज से ही चुदाई का […]

केयर टेकर-2

On 2010-06-15 Category: कोई मिल गया Tags: खून, गांड

कहानी का पिछला भाग: केयर टेकर-1 एक सप्ताह बाद सवेरे प्रीतम आया और कुछ पैसे मुझे दे गया। बता गया कि शाम को कुछ बिजनेस के काम से चार लोग आ रहे हैं, सामने से चिकन ले आना और बना देना… बाकी मैं कर लूँगा। ‘ठीक है बाबू जी, पर इतने दिन कहाँ रहे?’ ‘तू […]

मार्केटिंग-एग्ज़ीक्यूटिव

नाम: राज वर्मा अन्तर्वासना के सभी पाठकों को मेरा नमस्कार ! आशा करता हूँ कि मेरी पहली कहानी पढ़कर सभी लड़कों के लण्ड खड़े हो जाएंगे और लड़कियों की चूत फड़क उठेगी। बात कुछ दिन पहले की है, करीब दो महीने पहले की ! मैं गुडगाँव में जॉब करता हूँ और साथ एक जिगोलो भी […]

केयर टेकर-1

मैं दुनिया में बिल्कुल अकेली थी। मेरे माँ-बाप बचपन में ही एक दुर्घटना में चल बसे थे। मेरे मामा ने ही मुझे पाल-पोस कर बड़ा किया था। एम कॉम तक मुझे पढ़ाया था। मेरे मामा भी बहुत रंगीले थे। बचपन से ही वो मेरे शरीर से खेला करते थे। मेरे छोटे छोटे मम्मों को वो […]

सीलबंद माल

राज शर्मा दोस्तो, मैंने अन्तर्वासना पर काफी कहानियां पढ़ी हैं। कुछ सच्ची होती हैं और कुछ काल्पनिक ! आज मैं आपको अपनी सच्ची कहानी बताने जा रहा हूँ, यह शत प्रतिशत सच्ची है। पहले मैं अपना परिचय करा देता हूँ। मेरा नाम है राज, मैं राजस्थान का रहने वाला हूँ और चार साल से दिल्ली […]

छत की बात

मेरा नाम संदीप है,गाजियाबाद में रहता हूँ, उम्र 22 वर्ष और मेरी लम्बाई 6 फुट है, देखने में काफी स्मार्ट हूँ, मेरा लंड भी 7.5 इंच लम्बा और काफी मोटा है। मैं पिछले एक साल से अन्तर्वासना पर कहानियाँ पढ़ रहा हूँ और मेरा भी काफी मन करता था कहानी लिखने का तो मैं आज […]

उसने रोक दिया

On 2010-06-11 Category: कोई मिल गया Tags:

हरजिन्दर बरार दोस्तो, मैं जानता हूँ कि आप सभी लोग कहानियों का आनन्द ले रहे होंगे, मैंने कुछ दिन पहले ही अन्तर्वासना कहानियों को पढ़ना शुरू किया है। एक दिन ऐसे ही ढूंढ रहा था कि इस वेबसाइट पर ध्यान गया और देखा और पढ़ना शुरू किया मुझे बहुत अच्छी लगीं। फिर मैंने सोचा मुझे […]

बस दो ही कमियाँ हैं

मैं अन्तर्वासना का नियमिक पाठक हूँ। मैं आप सब को अपनी एक सच्ची कहानी सुनाने जा रहा हूँ। मुझे मालूम है कि आप सोच रहे होंगें कि सब ऐसा ही कहते हैं कि यह मेरी सच्ची कहानी है। पर आपको विश्वास हो ना हो, यह एक सच्ची कहानी है जो मेरे साथ घटी है। वो […]

वर्षों पुरानी चाह

On 2010-06-09 Category: रिश्तों में चुदाई Tags:

दोस्तो, मेरा नाम संदीप है, उम्र 29 साल है। मुझे बचपन से ही लड़कियों को नंगा देखना अच्छा लगता है। मेरी एक नौकरानी मुझे बचपन में अपना दूध भी पिलाती थी और मैं उसके निप्प्ल को काट जाता था। मन की कामुकता ने मुझे काफ़ी सारे मौके दिए ज़िन्दगी में मजे लेने के। ऐसी ही […]

तू नहीं और सही-2

On 2010-06-08 Category: गुरु घण्टाल Tags:

प्रेषिका : दिव्या डिकोस्टा उसकी गीली झांटों से मेरे होंठ गीले हो गये थे। फिर मैंने अपना मुख उसकी चूत में झांटों के साथ छुपा लिया। जीभ निकाल कर लप लप करके चाटने लगी। वो मारे उत्तेजना के बिस्तर पर लोट लगाने लगी। तभी उसने मुझे पलट कर दबा लिया और अपने नीचे मुझे दबा […]

तू नहीं और सही-1

On 2010-06-07 Category: गुरु घण्टाल Tags:

प्रेषिका : दिव्या डिकोस्टा मैं गोवा में रहती हूँ, एक केथलिक स्कूल में 12वीं में पढ़ती हूँ। मैं कक्षा में सबसे आगे बैठती हूँ। मेरे पीछे विशाल बैठता है। मुझे पता था कि वो मेरा आशिक है। यूँ तो मेरे में कोई खास बात नहीं थी पर हाँ, उम्र के हिसाब से मेरा शरीर जरूर […]

प्यासी उर्वशी

On 2010-06-05 Category: चुदाई की कहानी Tags:

प्रेषक : करन सिंह सभी आदरणीय पाठकों को मेरा अभिवादन। मैं अन्तर्वासना का एक नियमित सदस्य हूँ और मैं आपको अपनी सच्ची कहानी सुना रहा हूँ। मैं आपको यह अपनी पहली कहानी अन्तर्वासना पर भेज रहा हूँ। यह कहानी तीन साल पहले की है, सुनील मेरा बिजनेस पार्टनर था। एक दिन उसने एक लड़की को […]

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