ट्रेन में भाई ने बहन की चुत को चोदा-2
भाई बहन की चुदाई का मजा लें मेरी इस कहानी में... मैं मेरे भाईजान से चुदने के लिए मैं खुल चुकी थी और मैंने उनको कह दिया था कि मुझे चोद दीजिए. लेकिन भाई मुझे नंगी करके मेरी चूत चाट रहे थे. मैं वासना से तड़प रही थी.
ट्रेन रेलगाड़ी में चूत चुदाई की कहानियाँ
Train Railgadi Me Chut Chudai ki Kahaniyan
Stories about fucking in running train
भाई बहन की चुदाई का मजा लें मेरी इस कहानी में... मैं मेरे भाईजान से चुदने के लिए मैं खुल चुकी थी और मैंने उनको कह दिया था कि मुझे चोद दीजिए. लेकिन भाई मुझे नंगी करके मेरी चूत चाट रहे थे. मैं वासना से तड़प रही थी.
मैं अपनी शादी के कुछ दिन बाद मायके आई तो मौक़ा पाते ही अपने आशिक से मिलने गयी. मिलते ही मेरी चूत लंड मांगने लगी. मेरी गर्म सेक्स कहनी पढ़ा कर देखें कि मैंने कैसे अपनी चूत और गांड की चुदाई करवायी.
ट्रेन में मुझे एक भाभी मिली, वो प्यासी थी, उसकी कामवासना उसके काबू से बाहर थी. हम दोनों की सेटिंग हो गयी. ट्रेन की बोगी धीरे धीरे पूरी खाली हो गयी तो हम खुल कर सेक्स का खेल खेलने लगे. हॉट सेक्स स्टोरी का मजा लें!
मेरा दोस्त ट्रेन के एसी टू टियर में सफर कर रहा था तो उसे एक परिवार मिला, उसमे आंटी और उनकी दो बेटियाँ, अंकल और एक बेटा थे. ट्रेन में मेरे दोस्त ने आंटी को कैसे चोदा पढ़ें मेरी एडल्ट हिंदी सेक्स स्टोरी में!
मैं अपनी सहेली के साथ लखनऊ से दिल्ली जा रही थी एडमिशन के लिए. साथ में उसका एक क्लासमेट भी था. मेरी सेक्स कहानी में पढ़ें कि ट्रेन में क्या हुआ!
मैं ट्रेन में चढ़ा.. थोड़ी सी जगह मिलते ही मुझे जोर की नींद आ गई। मैंने एक सपना देखा कि मैं स्वर्ग के देवता इंद्र के साथ उनके विमान पर सफर कर रहा हूँ।
रेलवे में नौकरी की वजह से मैं रेलगाड़ी में होता हूँ। एक दिन गाड़ी में एक जवान औरत ने गिरने से बचने के लिए मेरा हाथ पकड़ लिया। आगे क्या हुआ, इस कहानी में पढ़िए।
मैं एक एग्जाम देने उज्जैन से भोपाल जा रहा था। एक लड़की मेरे डब्बे में आई, मेरे पास बैठ गई। हम दोनों ने एक दूसरे को परिचय दिया। उसके बाद क्या हुआ, कहानी में पढ़ें।
बॉम्बे की ट्रेन में हमें हमारे कूपे में एक जोड़ा मिला। वे दोनों बच्चा ना होने से दुखी थे। कम्मो की जांच और सलाह पर वे मुझसे गर्भाधान के लिये कहने लगे।
फ़िल्म डायरेक्टर के बुलावे पर मैं और कम्मो को बॉम्बे की ट्रेन से चल पड़ा, ट्रेन में हमें एक जोड़ा मिला। उस जोड़े से हमारी क्या बातें हुई और हमारे बीच क्या हुआ!
हम एक ही बर्थ पर थे तो मेरी हरकतों से वो लड़की गर्म हो गई, मेरा साथ देने लगी। कहानी पढ़ कर देखिये कि मैंने उसे कैसे चोदा और उसने कैसे मेरी चुदाई का मज़ा लिया।
जैसे-जैसे उसकी कमीज ऊपर की ओर सरकती.. वैसे-वैसे उसका दूध सा गोरा बदन मेरे आँखों में कैद होता जा रहा था। मैं उसकी इस अफलातून जवानी को अपने आँखों से पीने के साथ साथ होंठों से प्यार भी कर रहा था।
मेरे धक्कों की स्पीड बहुत तेज़ हो गई तो भाभी ने हिलना बंद कर दिया और मेरे लण्ड की करामात का आनन्द लेने लगी। घुड़चढ़ी पोज़ में भाभी 2 बार स्खलित हो गई!
काफ़ी देर तक चूत को चूसने के बाद अपने मुँह में लेकर मेरे मम्मों को पीने लगा। अब मुझे भी मस्ती सी आ रही थी, वो मेरी चूत में उंगली भी कर रहा था।
ट्रेन में भीड़ के कारण मुझे अपनी सहेली के साथ ए सी कोच में बिना टिकट चढ़ना पड़ा. टीटी आया तो उसे पैसे देकर टालने की कोशिश की लेकिन उसकी कामुक नज़र तो हम दोनों की जवानी पर थी.
पूजा मेरे लंड को मसलते हुए बोली- यार, मेरी चूत में आग लगाकर तुम यहाँ आ गए.. चलो अब जल्दी से मेरी इस टपकती चूत को अपने लंड से शांत कर दो.. क्योंकि इस चूत ने बहुत लौड़े खाए हैं.. इसकी आग सिर्फ़ लौड़े से ही बुझेगी।
होली पर मथुरा जाते समय ट्रेन में एक लड़की मिली जो मेरे पास ही बैठी थी। थोड़े ही समय में वो मुझसे पट गई तो मैंने उसे टॉयलेट में चलने को कहा मगर उसने मना कर दिया।
मैंने उसकी सलवार नीचे खिसका दी और जल्दी से अपनी पैन्ट भी नीचे खिसका कर जैसे ही लंड बाहर निकाला.. तो उसकी लंड को देखकर एक हिचकी सी निकल गई
ट्रेन की यात्रा के शुरु में ही एक मां बेटी मिल गई। ट्रेन में बहुत भीड़ थी तो हमें सट कर बैठना पड़ा। लड़की से बातचीत होने लगी, दोस्ती हो गई… आगे की घटना कहानी में पढ़िये…
ट्रेन में बहुत भीड़ थी.. वो औरत मेरे पैरों के ठीक नीचे अपने चूतड़ मेरे पैरों की उंगलियों पर टिकाकर लेट गई थी। मैं कुछ नहीं बोला.. मेरी गाण्ड फटने लगी कि एक अजनबी औरत मुझसे ऐसे बर्ताव कर रही है।